Giloy Swaras

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गिलोय को आयुर्वेद में अमृत की संज्ञा दी गई है। गिलोय रस में रसायन गुण विद्यमान है। गिलोय सभी प्रकार के ज्वर, श्वास रोग, दमा आमवात, पांडू रोगों में लाभकारी है। त्रिदोषनाशक (वात, पित्त, कफ) चर्म रोग, विशम ज्वर सभी दोषों को नष्ट करती है। यह शरीर में उपस्थित अशुद्धियों को शरीर से बाहर निकाल कर शरीर को निरोगी करने में सहायक है।

INDICATION :
Tridoshh Nashak( varta, pitta & Kaha), Detoxification of Body, Fever, Breathing Disorders

DOSAGE:
30- 40 ml twice a day or as directed by the Physician/Qualified Ayurvedic Practitioner

PACKING : 1 Ltr

40 in stock

SKU: R203 Category:

Description

गिलोय को आयुर्वेद में अमृत की संज्ञा दी गई है। गिलोय रस में रसायन गुण विद्यमान है। गिलोय सभी प्रकार के ज्वर, श्वास रोग, दमा आमवात, पांडू रोगों में लाभकारी है। त्रिदोषनाशक (वात, पित्त, कफ) चर्म रोग, विशम ज्वर सभी दोषों को नष्ट करती है। यह शरीर में उपस्थित अशुद्धियों को शरीर से बाहर निकाल कर शरीर को निरोगी करने में सहायक है।

Additional information

Weight 1000 g

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